ड्रोनों को उड़ाकर बीजारोपण का विशाल कार्यक्रम का आयोजन

इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि हरियाणा के उद्योग एवं पर्यावरण मंत्री विपुल गोयल ने बताया कि ये प्रयास पूरे हरियाणा प्रदेश के लिए एक अनूठी पहल है

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भारत विकास परिषद् गुरुग्राम शाखा द्वारा गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड़ के दोनो ओर अरावली की पहाड़ियों में लगभग एक करोड़ बीजों का 5 ड्रोनों को उड़ाकर लगभग 30 फ़ुट की ऊँचाई पर पहुंचाकर बीजों को वहां छोड़कर बीजारोपण का एक विशाल कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि हरियाणा के उद्योग एवं पर्यावरण मंत्री विपुल गोयल ने बताया कि ये प्रयास पूरे हरियाणा प्रदेश के लिए एक अनूठी पहल है। उन्होनें आगे कहा कि कार्यक्रम के इस प्रयोग की तैयारी के लिए एक महीने पहले से बीजो का रोपण करना प्रारम्भ कर दिया गया था। आज की मुहिम केवल एक व्यक्ति की नही, संगठन की नहीं बल्कि ये हमारी मुहिम है। मंत्री जी ने कहा कि हम सबको देश में हरियाली के लिए संकल्प लेना चाहिए कि हर व्यक्ति इस बारिश के मौसम में 5-5 पौधें अपने घर पर व घर के आसा-पास अवश्य लगाए क्योंकि आक्सीजन की मात्रा हमें इनसे ही प्राप्त होती है। मंत्री ने भारत विकास परिषद् गुरुग्राम शाखा के प्रयास की काफी प्रशंसा की।

इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ हरियाणा के संचालक पवन जिंदल, हरियाणा खादी ग्राम उद्योग की चेयरपर्सन गार्गी कक्कड़ एवं हरियाणा विधानसभा के पूर्व डिप्टी स्पीकर गाोपीचन्द गहलोत आदि अतिथिगढ़ उपस्थित हुए।

इस प्रकल्प के संयोजक श्रीचंद गुप्ता एवं प्रदीप जैन ने बताया कि इस मानसून के मौसम में विभिन्न प्रकार जैसे पीपल, बढ़, नीम, शीशम, बकान, जामुन, इत्यादि बड़े वृक्षों का रोपण किया गया। उन्होनें आगे बताया कि इस नए प्रयोग के अंतर्गत ड्रोन, ग़ुब्बारों में बीज डालकर, पंतगों के साथ उड़ाकर आदि अन्य तरीकों के द्वारा और जंगल में पैदल घूम-घूम कर भी बीजों को रोपित किया गया। उन्होनें कहा इन बीजों को पहले जर्मनाईट किया गया एवं कीटनाशक को भी प्रयोग में लाया गया है।

संस्था के अध्यक्ष पुरुषोत्तम अग्रवाल एवं सचिव संजय अग्रवाल ने बताया कि संस्था लगभग 25 वर्षों से पौधारोपण का कार्यक्रम कर रही है, परन्तु ज्यादा से ज्यादा पौधें नहीं लग पाते, इसीलिए संस्था ने इस वर्ष इस नए प्रयास से हरियाली को बढाने के लिए अरावली वन क्षेत्र में बीजों का रोपण किया है। संस्था के प्रवक्ता एडवोकेट अभय जैन ने कहा कि विशषज्ञों के अनुसार 5 से 10 प्रतिशत बीज पौधा बनता है। यदि इस प्रयास के द्वारा लगभग करोड़ बीजों का एक प्रतिशत भाग अर्थात् 1,00,000 पौधें भी यदि वृक्ष बनते हैं, तो आने वाले समय में अरावली हरियाली से गुलज़ार हो जाएगी। उन्होनें आगे कहा कि इस प्रयास की सफलता को देखते हुए, संस्था आगे और भी पर्यावरण के लिए विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन करती रहेगी।

इस अवसर पर संस्था से नरेश शर्मा, पुनीत अग्रवाल, सुभाष चन्द गुप्ता, देवेश गुप्ता, राज कुमार अग्रवाल, अनिल मोहन मंगल, शमशेर गोयल, राजीव मलिक, शालिनी अग्रवाल, रेणु अग्रवाल, प्रतिमा गुप्ता, बरखा गुप्ता, सतीश सिंगला, जैकबपुरा दिगम्बर जैन मन्दिर के पूर्व प्रधान पुष्पचंन्द जैन, सेक्टर-14 जैन समाज के प्रधान एडवोकेट रविन्द्र जैन, एडवोकेट नवीन गुप्ता, संजीव बंसल, जगत यादव, आदि सदस्यों के साथ अन्य महिलाओं एवं बच्चों ने भी गुलेल के प्रयोग द्वारा और पैदल दूर-दूर जाकर भी बीजों के रोपण में अपना पूरा योगदान दिया।

delhincrnews.in reporter