सीएम विन्डो पर मिलने वाली शिकायतों के निपटारे में प्रदेश में गुरूग्राम तीसरे रैंक पर

सीएम विन्डों पर मिलने वाली शिकायतों का तत्परता से निपटारा करके गुरूग्राम जिला ने प्रदेश में अपनी स्थिति को सुधारा है। जहां पहले गुरूग्राम जिला सीएम विन्डो पर मिलने वाली शिकायतों के निपटारे में प्रदेश में 22वें पायदान पर था, वह अब तीसरे रैंक पर आ गया है। इस उल्लेखनीय उपलब्धि के लिए सीएमजीजीए कार्यक्रम के प्रोजैक्ट डायरेक्टर डा. राकेश गुप्ता ने वीडियों कान्फें्रसिंग के माध्यम से समीक्षा करने के दौरान गुरूग्राम जिला प्रशासन को शाबाशी दी।
उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव और अन्य कई प्रकार की गतिविधियां रहने के  बावजुद गुरूग्राम जिला ने सीएम विन्डो पर मिनले वाली शिकायतों के निपटारे के मामले में सुधार किया है। डा. राकेश गुप्ता ने इस सुधार के लिए बधाई देते हुए सीएम विन्डो की नोडल अधिकारी गुरूग्राम की नगराधीश मनीषा शर्मा से पूछा कि चुनाव के बावजूद इतना सुधार कैसे कर पाए। नगराधीश ने डा. गुप्ता को अवगत करवाया कि सीएम विन्डो पर मिलने वाली शिकायतों को संबंधित अधिकारियों के पास भेजने और उसका फाॅलोअप करने के लिए जिला में एक टीम लगाई गई है, जिसकी सतर्कता की वजह से गुरूग्राम जिला सीएम विन्डों की शिकायतों का जल्द निपटारा कर पाया है। बता दें कि पिछली वीडियों कान्फें्रसिंग के समय सीएम विन्डो के विषय में गुरूग्राम जिला का स्कोर 66.33 था, जिसमें अब सुधार होकर यह स्कोर 76.08 हो गया है। इसी स्कोर में सुधार होने के कारण गुरूग्राम जिला की रैंकिंग भी सुधरी है और 22वें रैंक से गुरूग्राम जिला अब प्रदेश में तीसरे रैंक पर आ गया है।

सीएम विन्डो के माध्यम से जिला में 5,232 शिकायतें अब तक प्राप्त हुई हैं। इनमें से 160 शिकायतों पर कार्यवाही की जा रही है तथा 55 शिकायतों में और जानकारी मांगी गई है। इनके अलावा, 19 ऐसी शिकायतें ऐसी हैं जिनमें एक से ज्यादा विभागों द्वारा कार्यवाही की जानी है। जिला में वर्ष 2018 की कोई भी शिकायत लंबित नहीं है। डा. राकेश गुप्ता ने सभी जिलों के उपायुक्तों को निर्देश दिए कि वे अगली वीडियों कान्फें्रसिंग से पहले वर्ष 2017 और 2018 की सभी शिकायतों का निपटारा करें और इन वर्षों की भी शिकायत लंबित नहीं रहनी चाहिए। 
आज की बैठक में सोशल मीडिया ग्रीवेंस टैªकर की समीक्षा के दौरान बताया गया कि इस मद में भी गुरूग्राम जिला प्रदेश में तीसरे स्थान पर रहा है। सोशल मीडिया पर गुरूग्राम में प्रदेश में सबसे ज्यादा 1485 शिकायतें प्राप्त हुई और प्रशासन द्वारा इन सभी का संज्ञान लिया गया। इस मद में गुरूग्राम जिला का स्कोर 93 रहा जबकि पहले स्थान पर रहे करनाल जिला में केवल 496 शिकायतें सोशल मीडिया से प्राप्त हुई और उनका स्कोर 95 रहा। प्रदेश में दूसरे स्थान पर जींद जिला रहा जहां पर 621 शिकायतें प्राप्त हुई थी और उनका स्कोर 94 था। सोशल मीडिया पर सीएम हरियाणा को जो शिकायतें भेजी जाती हैं, उनका निपटारा कितने कम समय में होता है, उस आधार पर जिला को स्कोर दिया जाता है।  

सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए लागू किए जा रहे हरियाणा वीजन जीरो कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान बताया गया कि वर्ष 2019 में गुरूग्राम जिला में सड़क दुर्घटनाओं में 202 मृत्यु हुई हैं। डा. राकेश गुप्ता ने कहा कि इन दुर्घटनाओं मंे कमी लाने के लिए रोड़ इंजीनियरिंग में जो ब्लैक स्पाॅट हैं जिन्हें टीम द्वारा सड़क सुरक्षा की बैठक में हाईलाईट किया जाता है उनको संबंधित ऐजंेसी अथवा विभाग ठीक करवाए ताकि दुर्घटनाओं में जो जान जा रही है उन्हें बचाया जा सके। हालांकि इसी अवधि में पिछले वर्ष गुरूग्राम जिला में सड़क दुर्घटनाओं में मरने वालों की संख्या इस साल से ज्यादा थी लेकिन  सरकार का प्रयास है कि इनको जितना हो सके उतना कम किया जाए। बताया गया कि इस वर्ष अब तक गुरूग्राम जिला में पुलिस द्वारा 4 जीरो  टोलरेंस दिवस मनाए गए और सड़क नियमों का उल्लंघन करने वालों के 5682 चालान किए गए। 

प्रदेश के रोड़वेज डिपो को घाटे से उबारने के लिए भी सीएमजीजीए अर्थात् मुख्यमंत्री के सुशासन सहयोगी काम कर रहे हैं और इसको हरियाणा रोड़वेज टर्न अराउंड का नाम दिया गया है। आज समीक्षा के दौरान बताया गया कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत हर जिला के रोड़वेज डिपो की रसीट (आमद) का साप्ताहिक आधार पर समीक्षा होती है। गुरूग्राम जिला में हरियाणा रोड़वेज डिपो की रिसीट 29.66 रूपए प्रति किलोमीटर रही और बसों की एवरेज 4.71 किलोमीटर प्रति लीटर की आई है। रसीट के मामले में गुरूग्राम जिला यमुना नगर के बाद दूसरे स्थान पर है। यमुना नगर जिला की रसीट 29.96 रूपए प्रति किलोमीटर है। गौरतलब है कि वर्ष 2011-12 से लेकर वर्ष 2018-19 तक हर वर्ष हरियाणा रोड़वेज का वितीय घाटा बढता रहा है। वर्ष 2018-19 में राज्य परिवहन का घाटा 848 करोड़ रूप्ए का था। डा. गुप्ता ने उपायुक्तों तथा हरियाणा रोड़वेज डिपों के प्रबंधकों को निर्देश दिए कि वे साप्ताहिक समीक्षा जारी रखें। 

सरकार द्वारा दी जा रही सुविधाएं तथा योजनाओं का लाभ लोगों को उनके घर द्वार पर उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से डिजीटल इंडिया कार्यक्रम के तहत खोले गए अंतोदय सरल केंद्रों की समीक्षा के दौरान बताया गया कि गुरूग्राम जिला में अब तक इन केंद्रों के माध्यम से 35 लाख से ज्यादा आवेदन प्राप्त किए जा चुके हैं और आवेदकों को 6 लाख से ज्यादा एसएमएस भेजे गए हैं। यही नहीं, अंतोदय सरल के टोल फ्री हैल्पलाईन नंबर 1800-2000-023 पर गुरूग्राम जिला में 70 हजार से ज्यादा काॅल हुई हैं। कोई भी व्यक्ति सरल केंद्र में दी जा रही सेवाओं को लेकर इस हैल्प लाईन नंबर पर काॅल कर सकता है। यह भी बताया गया कि सरल केंद्रों पर जिला में हर महीने 4 लाख से ज्यादा आवेदन प्राप्त किए जा रहे हैं। गुरूग्राम जिला में विकास सदन के पास बने अंतोदय भवन के अलावा, तीनों सब डिवीजन स्तर पर सरल केंद्र चलाए जा रहे हैं। इनके अलावा, दो तहसीलों में भी सरल केंद्र संचालित हो  रहे हैं। ये सेवाएं ग्रामीण स्तर पर खोले गए अटल सेवा केंद्रों के माध्यम से भी दी जा रही है। सरल केंद्रों के माध्यम से सरकार की 480 से ज्यादा योजनाओं का लाभ आॅनलाईन दिया जा रहा है। डा. गुप्ता ने सक्षम हरियाणा योजना तथा पब्लिक लाईबे्ररियों का नवीनिकरण विषयों पर भी चर्चा की। 
इस अवसर पर उपायुक्त अमित खत्री, पुलिस उपायुक्त सशांक कुमार सावन, पटौदी के एसडीएम प्रदीप अहलावत, सोहना की एसडीएम डा. चिनार चहल, नगराधीश मनीषा शर्मा सहित संबंधित विभागांे के अधिकारीगण उपस्थित थे।  

Sandeep Siddhartha, Senior Reporter