गुरूग्राम: सरकारी एजेंसियों द्वारा गेंहू 80 हजार 260 मिट्रीक टन तथा सरसों 28 हजार 429 मिट्रीक टन खरीदा गया

गुरूग्राम जिला में सरसों व गेंहू की खरीद का कार्य समाप्त हो गया है। जिला में सरकारी एजेंसियों द्वारा गेंहू 80 हजार 260 मिट्रीक टन तथा सरसों 28 हजार 429 मिट्रीक टन खरीदा गया। गुरूग्राम जिला में 28 मार्च से सरसों तथा 1 अप्रैल से गेंहू की खरीद का कार्य शुरू किया गया था जो 15 मई तक चला। जिला में सरसों व गेंहू की खरीद 3 मंडियांे नामतः सोहना, फरूखनगर व हेलीमंडी में की गई थी। यहां पर जिला प्रशासन द्वारा खरीद के व्यापक स्तर पर इंतजाम किए गए थे। यह जानकारी आज उपायुक्त अमित खत्री ने दी ।

उन्होंने बताया कि किसानों को मंडियों में खरीददारी के दौरान किसी प्रकार की परेशानी ना हो, इसके लिए जिला प्रशासन द्वारा टीमों का गठन किया गया था। उन्होंने बताया कि गेंहू की खरीद के लिए किसानों का ‘मेरी फसल-मेरा ब्यौरा‘ के तहत रजिस्ट्रैशन अनिवार्य नही था जबकि सरसों की खरीद के लिए मेरी फसल-मेरा ब्यौरा के तहत रजिस्टर्ड किसानों को प्राथमिकता दी गई थी। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए मंडियों में शिकायत निवारण समिति गठित की गई थी।      जिला खाद्य एवं पूर्ति नियंत्रक मोनिका ने बताया कि सरसों की खरीद उपरांत किसानों को पैमेंट आॅनलाइन की गई। यदि कोई किसान आढ़ती के जरिए भी अपनी पैमेंट लेना चाहता था तो वह विकल्प भी किसानों के लिए रखा गया था। गेंहू की खरीद उपरांत किसानों को पैमेंट आढ़ती के जरिए दी गई। खरीददारी के दौरान इस बार बीसीपीए की भूमिका को समाप्त किया गया था। सरसों उत्पादक किसान की एक दिन में 25 क्विंटल सरसों की खरीद की गई। सरसों की खरीद खाद्य एवं पूर्ति नियंत्रक विभाग, हरियाणा वेयर हाउसिंग कारपोरेशन तथा हैफेड द्वारा की गई थी जबकि गेंहू की खरीद हरियाणा वेयरहाउस कारपोरेशन तथा हैफेड द्वारा की गई।      उन्होंने बताया कि किसानों की सुविधा के लिए मंडियों में मूलभूत सुविधाओं सहित आवश्यक इंतजाम किए गए थे। इसके अलावा, मंडियों में किसानों की एंट्री के लिए गेट पास तथा ट्रैफिक मैनेजमेंट सहित तैयारियां भी की गई थी। सरसों व गेंहू की खरीद के लिए गांव अनुसार शैड्यूल तैयार किया गया। 

Sandeep Siddhartha,Senior Reporter