काफी इंतजार के बाद कुण्डली-मानेसर-पलवल एक्सपै्रस-वे के उद्घाटन का दिन तय हो गया है। केएमपी एक्सपै्रस-वे का उद्घाटन आगामी 10 नवंबर को प्रातः 10 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रिमोट से अपने कार्यालय से करेंगे और मुख्य कार्यक्रम सोनीपत जिला के कुण्डली में आयोजित होगा जहां पर हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल मुख्य अतिथि होंगे। इस स्थल के अलावा, एक्सपै्रस-वे पर स्थित प्रत्येक टोल प्लाजा पर कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
इस संबंध में जानकारी हरियाणा के लोक निर्माण मंत्री राव नरबीर सिंह ने फरूखनगर में आयोजित एक कार्यक्रम में दी। वे फरूखनगर में मुख्यमंत्री के 11 नवंबर को गांव सुल्तानपुर में होने वाले कार्यक्रम को लेकर पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों को निमंत्रण देने के लिए गए थे।
राव नरबीर सिंह ने बताया कि केएमपी एक्सप्रैस-वे के मानेसर से कुण्डली वाले भाग में 6 टोल हैं और प्रत्येक टोल पर 10 नवंबर शनिवार को उद्घाटन कार्यक्रम होगा। उन्होंने बताया कि उनकी ड्यूटी फरूखनगर के नजदीक सुल्तानपुर टोल पर लगी है। इसी प्रकार अन्य टोल पर भी सरकार द्वारा अलग-अलग मंत्रियों की ड्यूटियां लगाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि यह केएमपी एक्सप्रैस-वे 2010 के राष्ट्रमण्डल खेलों से पहले पूरा होना था लेकिन पिछली सरकार की उदासीनता के कारण यह अधर में अटका रहा। हाल ये हुआ कि इस एक्सप्रैस-वे को अधूरा ही छोड़ दिया गया और यह मामला न्यायालय में लंबित था। राव नरबीर सिंह ने कहा कि वर्तमान भाजपा सरकार ने आने बाद केएमपी एक्सप्रैस-वे को विवादों से निकाला और इस पर पुनः निर्माण शुरू करवाया। इसे चार लेन की बजाय 6 लेन का बनवाया गया है। उन्होंने कहा कि केएमपी एक्सपै्रस-वे चालु होने से गुरूग्राम की तस्वीर और तकदीर दोनो बदलेंगी। गुरूग्राम में प्रदूषण कम होगा। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार ने केएमपी अथोरिटी का गठन करके इस पर 5 स्र्माट शहर बसाए जाएंगे जो विकास की दृष्टि से सिंगापुर से कम नहीं होंगे। इससे राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली पर जनसंख्या का दबाव कम होगा और लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
गौरतलब है कि केएमपी एक्सप्रैस-वे के पलवल से मानेसर के बीच के भाग को पहले ही पूरा किया जा चुका है और अब कुण्डली से मानेसर के बीच 83 किलोमीटर लंबे इस हाईवे को आगामी 10 नवंबर को चालु कर दिया जाएगा। इस एक्सपै्रस-वे के निर्माण पर लगभग 1,863 करोड़ रूपए की लागत आई है। इसमें 64 पुलिया, 8 छोटे पुल, 6 बडे़ पुल, 3 बड़े ढांचे, 4 आरओबी, 34 अंडरपास बनाए गए हैं और एक्सपै्रस-वे के दोनो तरफ नीम और अर्जुन के पेड़ लगाने की योजना है। डिवाडर पर विभिन्न रंगों के बोगन वेलिया के पौधे लगाए जाएंगे जिन्हें कर्नाटक से विशेष रूप से मंगवाया गया है। यही नहीं, सांस्कृतिक कार्यविभाग के कला अधिकारी हृदय कौशल के मार्ग दर्शन में तैयार की जा रही पत्थर की 21 मूर्तियां भी एक्सपै्रस-वे पर विभिन्न स्थानों पर लगाई जाएगी। इन मूर्तियां में हरियाणा की कला एवं संस्कृति, योग तथा गीता को दर्शाया गया है।
delhincrnews.in reporter

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