गुरूग्राम में 12 नवंबर को आयोजित होने वाली हरियाणा सीएसआर (कार्पोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी) समिट में अवार्डों के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है जो 31 अक्टूबर तक चलेगी। इन अवार्डों के लिए वैबसाईट पर लिंक एक्टिवेट हो चुका है। नामांकन के लिए ींतलंदंबेतण्वतह पर संपर्क किया जा सकता है। यह राज्य स्तरीय समिट गुरूग्राम के सैक्टर-29 स्थित पावर ग्रिड आॅडिटोरियम में आयोजित की जाएगी।
इस बारे में जानकारी देते हुए सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि इस वैबसाईट पर जाकर सबसे पहले व्यक्ति दिए गए लिंक पर क्लिक करके स्वयं को पोर्टल पर रजिस्टर्ड करेगा। एक बार रजिस्टेªशन होने के बाद इस समिट में नामांकन के लिए दिए गए प्रोफार्मा को भरना होगा। इस समिट में सीएसआर अवार्ड की विभिन्न श्रेणी रखी गई है जिसमें 5 अवार्ड सीएसआर में श्रेष्ठ कार्य करने वाली प्राइवेट कंपनियांे, 5 गर्वमेंट पीएसयू, 3 जिले तथा 3 विभाग शामिल हैं। ये अवार्ड सीएसआर में बेहतर कार्य करने वाले जिलों व विभागों को दिए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि इस वैबसाईट पर सरकारी विभाग के मुख्यालयों व जिलों की आईडी बना ली गई है। इस वैबसाईट के माध्यम से कंपनी अपने स्तर पर सीएसआर प्रौजेक्ट अर्थात् ‘शैल्फ आॅफ प्रौजेक्ट‘ भी डाल सकती है। यदि कोई कंपनी सीएसआर के तहत जिला प्रशासन के साथ मिलकर काम करना चाहती है तो वह वैबसाईट के माध्यम से भी आॅनलाइन अप्लाई कर सकती है। इस वैबसाईट के माध्यम से जहां एक ओर कंपनी सीएसआर के तहत गतिविधियां चलाने के बारे में आइडियाज अपलोड कर सकती हैं, वही जिला और सरकारी विभाग भी अपनी रिक्वायरमेंट डाल सकते हैं कि उन्हें किस परियोजना में सीएसआर फंड की आवश्यकता है। इस वैबसाईट पर सीएसआर में किए गए अच्छे कार्यों की सक्सेस स्टोरी भी अपलोड किए जाने का आप्शन दिया गया है। इसके अलावा, कंपनियां सीएसआर के तहत अपने प्रौजेक्ट की अप्रूवल के लिए भी वैबसाईट पर अप्लाई कर सकती हैं।
अधिक जानकारी के लिए नोडल अधिकारी गौरव सिंह के मोबाइल नंबर-999922905 तथा ईमेल पते पर भी संपर्क किया जा सकता है। सीएसआर फंड के सही उपयोग के लिए प्रदेश सरकार ने राज्य स्तर पर सीएसआर समिट के आयोेजन करने का निर्णय लिया है ताकि प्रदेश में विकास कार्य तथा सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में सीएसआर फंड का इस्तेमाल किया जा सके। उन्होंने बताया कि समिट के दौरान इंडियन इंस्टिटूयट ऑफ कॉर्पोरेट अफेयरस मानेसर के साथ हरियाणा सरकार द्वारा सीएसआर प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट स्थापित करने, सीएसआर पॉलिसी तैयार करने, कॉर्पोरेट जगत के साथ तालमेल स्थापित करने, परियोजना की निगरानी करने तथा परियोजना आधारित क्षमता निर्माण के लिए समझौता ज्ञापन(एमओयू) पर हस्ताक्षर किये जायेंगे। हरियाणा सीएसआर समिट के लिए इंडियन इंस्टिटूयट ऑफ कॉर्पोरेट अफेयरस तथा केपीएमजी नालेज पार्टनर होंगे।
उपायुक्त विनय प्रताप सिंह ने बताया कि सीएसआर फंड के सही इस्तेमाल के लिए प्रौजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट बनाई जाएगी जो प्रदेश के विभिन्न जिलों में संचालित परियोजनाओं तथा सरकारी विभागों में योेजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए सीएसआर फंड के यूटिलाइजेशन का काम करेंगी। उन्होंने कहा कि गुरूग्राम जिला में मल्टी नेशनल कंपनियां काफी संख्या में होने के कारण इसे सीएसआर का हब समझा जाता है। गुरूग्राम प्रदेश का पहला ऐसा जिला है जहां सीएसआर फंड के यूटिलाइजेशन के लिए सिंगल विंडो सिस्टम बनाया गया है जिसके माध्यम से कंपनियों को सिंगल प्वाइंट आॅफ काॅन्टैक्ट मिल रहा है। उन्होंने कहा कि सीएसआर सिंगल विंडो बनने उपरांत गुरूग्राम जिला में सीएसआर के तहत लगभग 200 करोड़ रूपये से अधिक की विभिन्न परियोजनाओं पर काम किया गया है।
गौरतलब है कि कंपनियों के सीएसआर फंड को सही ढंग से प्रयोग करने के लिए गुरूग्राम जिला में उपायुक्त विनय प्रताप सिंह के मार्गदर्शन में सिंगल विंडो सिस्टम बनाने की पहल की गई और इसी को देखते हुए अब राज्य सरकार द्वारा प्रदेश स्तर पर सीएसआर अथोरिटी का गठन किया जा रहा है जिसका उद्घाटन मुख्यमंत्री मनोहर लाल करंेगे। सीएसआर फंड के मामले में गुरूग्राम की इस पहल को सराहा जा रहा है।
delhincrnews.in reporter

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