गुरुग्राम जिला में जमीन तथा प्लाॅट की रजिस्ट्री के कलैक्टर रेट मौजूदा मार्केट रेट के हिसाब से रिवाईज करने का प्रस्ताव वैबसाईट पर डाल दिया गया है जिसे देखकर कोई भी व्यक्ति 5 अक्तूबर तक अपनी आपत्ति अथवा सुझाव दर्ज करवा सकता है। नए कलैक्टर रेट 10 अक्तूबर से सभी तहसील तथा उप तहसीलो में लागू हो जाएंगे।
इस बारे में जानकारी गुरूग्राम के उपायुक्त विनय प्रताप सिंह ने उनके कार्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन के दौरान दी। उन्होंने बताया कि जमीन अथवा प्लाॅट के रेट में उतार चढ़ाव होता रहता है इसलिए राज्य सरकार ने हर 6 महीने में क्लेक्टर रेट रिवाइज करने का प्रावधान किया है। रिवीजन में रेट घट भी सकते हैं और बढ़ भी सकते हैं। सिंह ने बताया कि जिला में अचल संपति पंजीकरण कार्य के लिए तहसील गुरुग्राम व उप तहसील वजीराबाद, बादशाहपुर, कादीपुर, हरसरू मंे मार्केट रेट के हिसाब से कलैक्टर रेट रिवाईज किए गए हैं जो 10 अक्तूबर 2018 से लागू कर दिए जाएंगे। नए कलैक्टर रेट लागू करने से पहले जिला प्रशासन द्वारा जनसाधारण से सुझाव तथा आपत्तियां मांगी गई हैं।
प्रस्तावित नए कलैक्टर रेट जिला की वैबसाईट ूूूण्हनतनहतंउण्हवअण्पद पर अपलोड कर दिए गए है, जहां पर कोई भी व्यक्ति इन्हें देख सकता है। यदि किसी जनसाधारण को रिवाईज कलैक्टर रेट वर्ष 2018-19 के बारे में कोई आपत्ति है तो वह उपायुक्त कार्यालय गुरुग्राम की एचआरए शाखा (कमरा नंबर 212 ) अथवा ईमेल  कतवहतह/ीतलण्दपबण्पद पर अपने ऐतराज व सूझाव 5 अक्तूबर तक दे सकता है।
एक सवाल के जवाब में उपायुक्त ने बताया कि नए प्रस्तावित क्लेक्टर रेट में इस बार प्राइम लोकेशन वाली जमीन के रेट ज्यादा रखे गए हैं जबकि पहले एक क्षेत्र में सारी जमीन के एक समान ही रेट रखे जाते थे। उन्होंने ये भी बताया कि पिछले वित वर्ष के शुरू के 6 महीनों में गुरूग्राम जिला में स्टांप ड्यूटी व रजिस्ट्रेशन फीस से 800 करोड़ रूप्ये का राजस्व प्राप्त हुआ था और चालू वित वर्ष में 6 महीनों में 1,000 करोड़ रूप्ये का राजस्व मिला है। उन्होंन बताया कि पिछले पूरे वित वर्ष में लगभग 1,900 करोड़ रूप्ये का राजस्व स्टाम्प ड्यूटी व रजिस्ट्रेशन फीस से मिला था। इस बार इससे ज्यादा राजस्व मिलने की आशा है।
गुरूग्राम में बनेगा चिल्ड्रन स्पेशल होम
उपायुक्त ने बताया कि जूविनाइल संबंधी मामलों को ध्यान में रखते हुए गुरूग्राम जिला के गांव कालियावास में 8 एकड़ भूमि पर जुविनाइल स्पेशल होम बनाए जाने की योजना है। इसमें एक स्पेशल होम तथा एक आब्र्जवेशन होम बनाया जाएगा। स्पेशल होम में कानून के खिलाफ आपराधिक गतिविधियों में शामिल संबंधी मामलों में सजा काट रहे अव्यस्क बच्चों को रखा जाएगा जबकि आब्र्जवेशन होम में उन बच्चों को रखा जाता है जो सजा काटते हुए 18 साल से उपर हो जाते हैं। गुरूग्राम जिला में इस प्रकार के होम की लंबे समय से जरूरत महसूस की जा रही थी। वर्तमान में इस प्रकार का होम फरीदाबाद में है जिसके कारण गुरूग्राम जिला में जूविनाइल जस्टिस एक्ट संबंधी मामलों में सजा काट रहे बच्चों को वहां भेजा जाता था। उन्होंने बताया कि इस होम के निर्माण को लेकर राज्य सरकार को प्रपोजल बनाकर भेज दी गई है। यह होम करनाल में बनाए गए होम की तर्ज पर भी बनाया जाएगा।
-जिला पुस्तकालय का होगा जीर्णाद्धार तथा नई लाइब्रेरी का भी होगा विकास
प्रैस कान्फ्रैंस में उपायुक्त ने बताया कि जिला में कल्चरल सैंटर के साथ पारस अस्पताल के सामने नए पुस्तकालय का निर्माण किया जाएगा और मौजूदा जिला पुस्तकालय का जीर्णोद्धार किया जाएगा। जीर्णाेद्धार के लिए पावर ग्रिड कारपोरेशन द्वारा 75 लाख रूपये की राशि सीएसआर के तहत खर्च की जाएगी। इस जिला लाइब्रेरी में नई किताबे खरीदने के साथ साथ इसे डिजीटल कैटालाॅग का प्रावधान किया जाएगा। इस पुस्तकालय में आने वाले पाठकों से फीडबैक लेेने के बाद जीर्णोद्धार करने का निर्णय लिया गया है।
जिला में 50 आंगनवाड़ी सैंटरों को प्ले स्कूल में परिवर्तित किया जाएगा 
उपायुक्त ने बताया कि हीरो मोटो कोर्प के सहयोग से जिला के 50 आंगनवाड़ी सैंटरों का कायाकल्प होने जा रहा है। इन चयनित आंगनवाड़ी सैंटरों में इस प्रकार का इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जाएगा ताकि बच्चों को शारीरिक व मानसिक विकास हो सके। इन आंगनवाड़ी सैंटरों को प्ले स्कूल में परिवर्तित किया जाएगा और इनमें हीरो मोटो कोर्प द्वारा एक-एक प्रशिक्षक की भी नियुक्ति की जाएगी। हीरो मोटो कोर्प के साथ इसे लेकर एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। जिला में प्रथम चरण में 50 आंगनवाड़ी सैंटरों को चुना जाएगा।
सरल पोर्टल के माध्यम से राइट टू सर्विस एक्ट का किया जाएगा पालन; ढिलाई करने वाले अधिकारी नपेंगे। 
उपायुक्त ने कहा कि जिला में शुरू किए गए अंत्योदय सरल केन्द्रो के माध्यम से लोगों को सरकारी योजना का लाभ राइट टू सर्विस एक्ट के तहत निर्धारित समय सीमा में देने की शुरूआत की गई है। इस पोर्टल पर लोगों को सरकारी सेवाएं देर से मिलने पर संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। इस पोर्टल में विभागों की रैंकिंग भी होगी। उन्होंने कहा कि सरल पोर्टल को लेकर पिछले दिनों विभागों की कार्यशाला भी आयोजित की गई थी जिसमें उन्हें आरटीएस का पालन गंभीरता से पालन करने के लिए हिदायत दी गई है। यदि इसके बाद भी विभाग लापरवाही बरतता है तो उसके अधिकारी के खिलाफ कार्यवाही होना तय है।
उन्होंने बताया कि सरल पोर्टल की समीक्षा के दौरान इस बार जिन विभागों ने राइट टू सर्विस में निर्धारित समयावधि में सेवाएं नही दी, उन्हें चेतावनी दी गई है। इस बार कोई अनुशासनात्मक कार्यवाही नही की गई। उपायुक्त ने बताया कि सरल पोर्टल का साॅफटवेयर इस प्रकार से तैयार किया गया है कि उससे पता चल जाता है कि विभाग में सबसे वरिष्ठ अधिकारी से लेकर जूनियर अधिकारी अथवा कर्मचारी द्वारा पब्लिक के साथ कैसी डींिलंग है और वह आवेदन का निपटारा कितने दिनों में करता है। एक सवाल के जवाब में उपायुक्त ने बताया कि अधिकारी और कर्मचारी को अपने काम में सुधार में लिए एक महीने का समय दिया गया है। उन्होंने आशा जताई कि वे राइट टू सर्विस एक्ट के तहत निर्धारित अवधि में अपने विभाग से संबंधित सेवाएं देंगे और गुरूग्राम जिला की प्रदेश में रैंकिंग सुधरेगी।
वन और जलाशय आदि प्राकृतिक संपदाओं के संरक्षण के लिए बनेगा नेचुरल कंजरवेशन जोन
उपायुक्त ने बताया कि वन विभाग द्वारा घोषित वन क्षेत्र के अलावा भी गैर मुमकिन पहाड़ तथा जलाशयो आदि को नेचुरल कंजरवेशन जोन(एनसीजेड) में शामिल करने के लिए ग्राउंड ट्रूथिंग की एक्सरसाइज शुरू की गई थी, जिसे अब जिला के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर जाकर देखेंगे कि इस एक्सरसाइज में जो प्राकृतिक संपदा बताई गई है वह वहां है या नही। उन्होंने बताया कि गैर वन क्षेत्र को नेशनल कंजरवेशन जोन में शामिल किया जाए अथवा नही, यह निर्णय वरिष्ठ अधिकारियों की कमेटी करेगी। इस कमेटी की वैरिफिकेशन के बाद रिपोर्ट राज्य सरकार को भेजी जाएगी जहां से इसे एनसीआर प्लानिंग बोर्ड को भेज दिया जाएगा। एनसीआर प्लानिंग बोर्ड द्वारा फिर इसे नेचुरल कंजरवेशन जोन घोषित कर दिया जाएगा जिसके बाद प्राकृतिक संपदा जैसे अरावली प्लांटेशन, जलाशयों, जोहड़ आदि के स्वरूप में बदलाव नही किया जा सकेगा। उन्होंने बताया कि भूमिगत जल स्तर को रिचार्ज करने तथा ग्रीन कवर बढ़ाने के लिए आवश्यक एरिया को एनसीजेड में शामिल करने का प्रयास होगा।
delhincrnews.in reporter

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here