गुरुग्राम के ग्रामीण क्षेत्रों में जल्द ही जाति सर्वेक्षण शुरू होने जा रहा है जिसे लेकर उपायुक्त विनय प्रताप सिंह की अध्यक्षता में संबंंधित ग्राम सचिवों, सरपंचों व पटवारियों सहित वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक ली गई। उपायुक्त ने कहा कि यह जाति सर्वेक्षण जिला में पंजाब एंव हरियाणा उच्च न्यायालय द्वारा जारी आदेशों की पालना मेें करवाया जा रहा है इसलिए जरूरी है कि सभी संबंधित अधिकारी व कर्मचारी इस काम को गंभीरता से लेते हुए इसे समयबद्ध तरीके से पूरा करें। जाति सर्वेक्षण को पूरा कर इसका डाटा पोर्टल पर अपडेट करने के लिए सभी को 20 मार्च तक का समय दिया गया है।
आयोजित बैठक में जाति सर्वेक्षण को लेकर सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। सर्वेक्षण कार्य को पूरा करने के लिए जिला, उपमंडल तथा ग्रामीण स्तर पर कमेटियों का गठन किया गया है। जिला स्तरीय कमेटी के अध्यक्ष उपायुक्त होंगे जबकि अतिरिक्त उपायुक्त , एसडीएम, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी, जिला राजस्व अधिकारी तथा महिला एवं बाल विकास विभाग गुरुग्राम की कार्यक्रम अधिकारी इस कमेटी के सदस्य होंगे। उपमंडल स्तरीय कमेटी के अध्यक्ष एसडीएम होंगे तथा तहसीलदार तथा खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी इस कमेटी के सदस्य होंगे। इस सर्वेक्षण कार्य में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका ग्रामीण स्तरीय कमेटी की होगी जिसके अध्यक्ष सरपंच तथा अन्य सदस्यों में ग्राम सचिव, पटवारी तथा आंगनवाड़ी वर्कर शामिल होंगे। इस जाति सर्वेक्षण की नोडल अधिकारी जिला परिषद् की मुख्य कार्यकारी अधिकारी चिनार चहल होंगी।
 
इस सर्वेक्षण के लिए प्रोफोर्मा तैयार किया गया है। इस प्रोफोर्मा के अलावा चयनित जाति की सूची भी होगी जिसमें 134 तरह की जाति उनके सीरियल नंबर के साथ लिखी होगी । ग्राम सचिव, पटवारी तथा आंगनवाड़ी वर्कर घर-घर जाकर निर्धारित प्रोफार्मा के हिसाब से डाटा फीड करेंगे। इस सर्वेक्षण को मैनुअली पूरा करने के बाद इसका सारा डाटा ग्राम सचिवालयों में नियुक्त वीएलई के माध्यम से ऑनलाइन अपडेट किया जाएगा। उन्होंने बैठक में उपस्थित वीएलई से कहा कि यह डाटा बहुत महत्वपूर्ण है, इसलिए जरूरी है कि वीएलई ऑनलाइन डाटा फीड करने में किसी प्रकार की लापरवाही ना करें और ध्यानपूर्वक डाटा अपलोड करें। यदि वीएलई को डाटा अपलोड करने को लेकर किसी प्रकार का संशय हो तो उसे समय रहते दूर कर लें। यदि इस डाटा को फीड करने में किसी प्रकार की गलती हुई तो संबंधित ग्राम स्तरीय कमेटी की जिम्मेदारी तय की जाएगी, इसलिए ग्रामीण स्तरीय कमेटी सुनिश्चित करें कि वीएलई द्वारा ऑनलाइन अपडेट किया गया डाटा ठीक हो। ग्राम स्तरीय कमेटी डाटा मैनुअली अपडेट करने के बाद उस पर हस्ताक्षर कर वीएलई को देगी। इस सर्वेक्षण को पूरा करने के लिए 40 सक्षम युवा भी लगाए जाएंगे जो इस जाति सर्वेक्षण के कार्य में मदद करेंगे। इस डाटा को बाद में उपमंडल स्तरीय तथा जिला स्तरीय कमेटी द्वारा रेंडमली वैरिफाई किया जाएगा।
उन्होंने बैठक में उपस्थित डीडीपीओ नरेन्द्र सारवान तथा बीडीपीओ से कहा कि वे अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाले गांवों का एक रोस्टर तैयार कर लें ताकि लोगों को सर्वेक्षण के बारे में जानकारी हो कि उनके गांव में जाति सर्वेक्षण के लिए टीमें आएंगी।
संबंधित ग्राम सचिव व पटवारी अपने निर्धारित शैड्यूल के अनुसार गांव में पहुंचे और इस कार्य को पूरा करें । उन्होंने कहा कि रोस्टर बनाने उपरांत जाति सर्वेक्षण की मॉनीटरिंग करना भी आसान होगा। उन्होंने जिला परिषद् की मुख्य कार्यकारी अधिकारी चिनार चहल को इस कार्य की लगातार मॉनीटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से कहा कि वे इस काम को पूरा करने में सहयोग करें और यदि इस दौरान किसी प्रकार की परेशानी आए तो उसे समय रहते दूर करें। उन्होंने कहा कि जितना शुद्ध डाटा मिलेगा वही पोर्टल पर रिफलेक्ट होगा।
बैठक में गुरुग्राम उत्तरी के एसडीएम भारत भूषण गोगिया, गुरुग्राम उत्तरी के एसडीएम सतीश यादव, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेन्द्र सारवान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
Sandeep Siddhartha, Senior Reporter

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